करवा चौथ पर ................
" मेहंदी ने तय कर दी, तेरे प्रीत का रंग कितना गहरा है,
आज मेरी निगाहें बार बार, हथेली पर टिक जाती है. "
हो जाता है इस बात का यकीं देखकर ,
हर सुहागन क्यों मेहंदी के रंग पर इतराती हैं ??
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अमर सुहाग का मिले आभा ,मेरे चेहरे के नूर को,
कभी भी ना चाँद मेरा ,मेरे फलक से दूर हो.
एक दिन इंतजार होता है, करवा चौथ के चाँद का ,
पर मेरे चाँद का मुझे , हर दिन इंतज़ार रहता है".
"रजनी मल्होत्रा नैय्यर "
सोमवार, अक्टूबर 25, 2010
मेहंदी ने तय कर दी, तेरे प्रीत का रंग कितना गहरा है
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12 comments:
अरे वाह.. बहुत खूब... आपका लेखन शानदार है ...
awesome... piya ko rijhaane kee pooree planning kar lee aapne...
Karwa Choth kee shubhkaamnaye...
Mindblowing creation !
A very innovative way of celebrating 'Karwachauth '
करवा चौथ के त्योंहार पर सुंदर पंक्तियाँ साझा की हैं आपने ......
बहुत अच्छा लिखा है ...रजनी जी.... करवा चौथ की शुभकामनायें
mere aur se karwachouth ki subhkamnayen, aur badhai.........:)
aapke lekhan ke to fan hain hi:)
aapsabhi ko mera hardik naman ....karwachauth ki badhai ke liye bhi aabhari hun
आज के दिन की सुन्दर प्रस्तुति……………करवाचौथ की शुभकामनायें।
वाह रजनी जी हमारे मन की बात लिख दी आपने। आपको करवा चौथ की अनेक शुभकामनाएं।
sundar panktiya, prem se sarabor
aabhari hun aapsabhi ki.........
rajni ji sehore se sameer hamari phone per baat bhi ho chuki hai ..bahut khub
ji ha smeer pahchan gayi aapko .....aabhar aapko bhi .....
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